आजकल बजट स्मार्टफोन्स में भी वर्चुअल रैम का सपोर्ट मिलने लगा है. स्मार्टफोन कंपनियां इसे बड़ा फीचर बताकर फोन को बेचती भी हैं. क्योंकि, इससे रैम काफी बढ़ जाती है और ये सुनने में काफी अट्रैक्टिव भी लगता है. यानी अगर किसी बजट फोन में 4GB रैम हो तो 8GB वर्चुअल रैम के जरिए फोन की टोटल रैम बढ़कर 12GB हो जाती है. लेकिन अब सवाल ये है कि क्या वर्चुअल रैम से सचमुच फोन की परफॉर्मेंस पर असर पड़ता है? आइए जानते हैं इस बारे में.



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *